सहारनपुर : सहारनपुर में वर्ष 2016 के बहुचर्चित दोहरे हत्याकांड में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या-3 की कोर्ट ने 13 अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक दोषी पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
पीड़ित पक्ष के अनुसार, थाना गंगोह क्षेत्र के कुंडा खुर्द गांव निवासी इसरार ने 12 नवंबर 2016 को थाने में तहरीर देकर बताया था कि सुबह करीब साढ़े दस बजे मुन्नवर, मुस्तफा, सनव्वर, मुस्तकीम, शौकीन, मोहसीन, अनवर, इस्लाम, गुलजार, जमशेद, प्रवेज, पप्पू, राकिब समेत अन्य लोग हथियारों से लैस होकर उसके घर में घुस आए थे। आरोप था कि सभी लोग खेत पर कब्जा करने की नीयत से एकजुट होकर पहुंचे थे। वादी के मुताबिक़ जब उसके पिता यामीन, चाचा तासीन, अख्तर, अलीजान, गुलफाम और लियाकत ने विरोध किया तो आरोपियों ने फायरिंग शुरू कर दी और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। हमले में यामीन और तासीन की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि अन्य चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
गोलियों की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे तो आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की और आरोपियों को गिरफ्तार कर चार्जशीट अदालत में दाखिल की। मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष-3 की अदालत में चल रही थी। कोर्ट ने पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर सनव्वर, मुस्तकीम, शौकीन, मोहसीन, गुलजार, प्रवेज, अनवर पुत्र नत्थू, राकिब, मुस्तफा, अनवर पुत्र बाकर, इस्लाम, जमशेद और मुनव्वर को दोषी ठहराया। एक आरोपी पप्पू का मामला अभी विचाराधीन है।
एडीजीसी दीपक सैनी ने बताया कि मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या-3 विकास गुप्ता की कोर्ट में चल रही थी। कोर्ट ने पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों और गवाहों के बयान के आधार पर 13 आरोपियों को दोषी करार दिया। एक आरोपी पप्पू का मामला अभी विचाराधीन है। अदालत ने आदेश दिया कि सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी और मुकदमे के दौरान जेल में बिताई गई अवधि को सजा में समायोजित किया जाएगा। फैसला सुनाए जाने के दौरान अदालत परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे। सजा के बाद सभी दोषियों को पुलिस अभिरक्षा में जिला कारागार भेज दिया गया।

